कोविड-19 के साथ डायरिया न्यूमोनिया से लड़ाई के लिए स्वास्थ्य विभाग ने कसी कमर

यूपी फाइट टाइम्स
ठा. अनीष सिंह।

चौडगरा / फतेहपुर- वैश्विक महामारी कोविड-19 कोरोना वायरस के बढते प्रकोप के साथ निमोनिया और डायरिया से बचाव के लिए स्वास्थ विभाग में बड़े पैमाने पर व्यवस्था के साथ न्यूमोकोकल, डायरिया इन बीमारियों से भी लड़के के लिए कमर कस चुकी है। बृहस्पतिवार को एचपी गोपालगंज में आशा बहू, आंगनबाड़ी, स्वास्थ्यकर्मचारियों के साथ बैठ कर आगामी रणनीति बनाई। प्रभारी चिकित्साधिकारी अरुन द्विवेदी नें सभी कर्मचारियों को कोविड-19 कोरोना वायरस के साथ न्यूमोकोकल बैक्टीरिया के लक्षण व बचाव की दी जानकारी। बताया कि निमोनिया नाम की बीमारी कई प्रकार की बैक्टीरिया से होती है।इनमें स्ट्रेप्टोकोकस प्रमुख है। यह बैक्टीरिया के नाक गले में बिना कोई बीमारी किए हुए भी पाया जाता है। इम्यूनिटी कम होनें पर व्यक्ति को कमजोर कर देता है। यह शरीर के अन्य हिस्सों में फैल सकता है और कई बीमारियों जैसे न्यूमोनिया, (सेप्सिस खून का इन्फेक्शन), (मेनिनजाइटिस दिमागी बुखार) ओटाइटिस मीडिया( कान का इन्फेक्शन) आप बीमारियों को उत्पन्न करता है। न्यूमोकोकल बीमारी खांसने छींकने से फैलती है। यह बीमारी 5 साल से कम 2 साल तक के बच्चों के साथ वृद्ध लोगों को बीमार करता। Pcv वैक्सीन बीमारियों से बचाव का सबसे कारगर तरीका है इस व्यक्ति के इस्तेमाल से बच्चों में निमोनिया बीमारी और बाल मृत्यु दर में काफी कमी आएगी। भारत सरकार द्वारा नियमित टीकाकरण कार्यक्रम के अंतर्गत मुफ्त मैं उपलब्ध करा रही है। जिससे शिशुओं की मृत्युदर में कमी लाई जा सके।