गोविन्द सिंह
शाहाबाद (हरदोई) । आज राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का गुरु दक्षिणा का कार्यक्रम का आयोजन शाहाबाद में अजय बाजपेई के आवास पर हुआ । कार्यक्रम में कोविड 19 का पालन करते हुए अनेक लोगो ने इसमें हिस्सा लिया। संघ में होने वाले इस गुरुदक्षिणा कार्यक्रम के बारे में जानकारी दी । संघ में गुरु परम पवित्र भगवा ध्वज को माना गया है क्योंकि भगवा रंग शांति व शक्ति का प्रतीक है। यह अग्नि का भी रंग है ,जो बुराइयों को जलाकर भस्म करने की क्षमता  रखता है। शिवाजी महाराज ने भी अपने हिंदू साम्राज्य सेना का गठन किया था ,तो यह पताका उनके सेना का प्रतीक था। देवी देवता भी इस ध्वज के पवित्र सानिध्य में असुरों का नाश करते आए हैं।
जब संघ में गुरु की खोज की गई तो लोगों की अनेक राय थी इस व्यक्ति को गुरु बनाया जाए , उस व्यक्ति को गुरु बनाया जाए, किंतु विचार किया गया कि क्या गुरु में कोई कमी नहीं होती तो जवाब में संतुष्टि नहीं मिली। गुरु द्रोणाचार्य श्रेष्ठ गुरु थे किंतु अर्जुन को दिए गए आशीर्वाद के कारण एकलव्य से अंगूठा मांगना प्रश्नचिन्ह लगाता है। ऐसे में एक ऐसे गुरु की खोज की गई जिसमें कोई कमी ना हो ,वह पवित्र हो ,त्याग की भावना रखता हो ,बुराइयों को स्वयं समाप्त कर दे, ऐसे में परम पवित्र भगवा ध्वज को गुरु के रूप में खोजा गया और उसे संघ में गुरू के रूप में स्वीकार किया गया।
सभी स्वयंसेवक वर्ष भर में 1 दिन अपने गुरु के दक्षिणा के रूप में  अपनी श्रद्धा के अनुसार कुछ राशि परम पवित्र भगवा ध्वज को समर्पित करते है।
इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विभाग प्रचारक आलोक जी जिला प्रचारक तुलसीराम जी मौजूद रहे।
इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से ऋषी सिंह,विवेक मिश्रा, नीरज मिश्रा, दिलीप अग्निहोत्री,अमर रस्तोगी,रविन्द्र शुक्ला,गोविन्द सिंह तथा श्याम सिंह आदि नगरवासी मौजूद रहे।कार्यक्रम की अध्यक्षता अजय बाजपेई भुल्लन ने की।