मानव और राष्ट्र कल्याण के लिए बन्द हो शराब और मांस की दुकान बाबा उमाकान्त जी महाराज

प्रेस नोट:24.01.2021(लालपुरा आनंद )गुजरात

मानव और राष्ट्र कल्याण के लिए बन्द हो शराब और मांस की दुकान
बाबा उमाकान्त जी महाराज

विश्व विख्यात परम् सन्त बाबा जयगुरुदेव जी महाराज जी के आध्यात्मिक उत्तराधिकारी पूज्य सन्त बाबा उमाकान्त जी महाराज जी ने 24 जनवरी 2021 (लालपुरा आनंद )शहर गुजरात में सतसंग सुनाते हुए बताया रोगी शरीर क्यों होता है। खून बेमेल होने की वजह से मनुष्य का जो खून है ।ओ शाकाहारी है। बच्चा जब पैदा होता है ।शाकाहारी खून लेकर करके पैदा होता हैं।

देश मे बंद हो शराब-मांसाहार तो ख़तम हो जाये 50% अपराध-भ्रष्टाचार

महाराज जी ने गुजरात के सूरत शहर में विश्वशांति का सन्देश देते हुए बताया कि लोगों में बीमारियां बढ़ने का सबसे बड़ा कारण मांसाहार है,क्योकि इससे ख़ून बेमेल हो जाता है।मांसाहारियों को क्रोध अधिक आता है। नशा और मांस ही मनुष्य की बुद्धि की खराब कर देते है। महाराज जी ने ये भी कहा कि अगर देश मे शराब और मांस बन्द हो जाये तो 50% अपराध और भ्रष्टाचार अभी ख़तम हो जाये।

एक मांसाहारी और दूसरा शाकाहारी इसलिए खून मेल नही खाता

आप जब मांस खा लेते हो उसका खून बनता है। तो शाकाहारी खून और मांसाहारी खून का मेल नहीं खाता तो बीमारियां आ जाती हैं। अब कहोगे मेल कैसे नहीं खाता है। बुड्ढा बीमार हो गया। डॉक्टर को दिखाया लड़का लेकर के गया डॉक्टर ने कहा खून की कमी हो गई खून चढ़ाना पड़ेगा लड़का बोला मेरा खून चढ़ा दीजिए टेस्ट किया कहा नहीं तुम्हारा खून नहीं चढ सकता भाई ने कहा डॉक्टर साहब हमारा खून चढ़ा दीजिए टेस्ट किया कहा तुम्हारा भी खून नहीं कर सकता है अब आप सोचो एक ही रज, बीज से एक ही मां के पेट में दोनों बने पले जल, अग्नि ,वायु ,आकाश, से बने पले बड़े हुए ।और एक ही मां ने दूध पिलाया बड़ा किया ।लेकिन खून नहीं मिल रहा इसका मतलब ये है कि एक शाकाहारी और दूसरा मांसाहारी हो गया आप देखो की दवा करते जाते हैं। जल्दी मर्ज नहीं जाता है क्योंकि डॉक्टर को भी नहीं पता है कुछ चीजें ऐसी हैं डॉक्टर से कह दो तो ब्रेन का ऑपरेशन कर देगा किडनी निकाल करके दूसरा लगा देगा हॉट बदल देगा । लेकिन पूछो कौन सी ऐसी चीज निकल गई जो यह शरीर निर्जीव हो गया इसमें सड़न, गलन बदबू पैदा हो गई डॉक्टर बता नहीं पाएगा ।

दुनिया की विद्या जहाँ पर खत्म होती हैं वहाँ से आध्यात्म विद्या की शुरुआत होती हैं

आप यह समझो यह जो सिस्टम है ,शरीर का आज तक इसका बनाना कोई समझ ही नहीं पाया पूरी दुनिया ,संसार में क्योंकि आदमी को अगर मालूम हो जाता तो आदमी ,आदमी को बना लेता और मरने से भी बचा लेता ।लेकिन ओ वहीं पर फेल हो जाता है ।दुनिया की विद्या जहां पर खत्म होती है वहां से अध्यात्म विद्या की शुरुआत होती है ।
आप इसमें पढ़े लिखे लोग बैठे हो बुद्धिजीवी हो आपको दुनिया के भाषा दुनिया की जानकारी तो है लेकिन आध्यात्मिक की जानकारी नहीं है।

मांसाहरियों को क्रोध ज्यादा आता है

मैं आज आपको बताऊंगा लेकिन थोड़ा सा आप इस बात को समझ लो क्रोध क्यों बढ़ता है मांसाहार की वजह से बढ़ता है।
आप देखो मांसाहारियो को क्रोध जल्दी आता है खून में गर्मी आ जाती है कहते हैं ना मेरा दिमाग खराब हो रहा है मेरा खून गरम हो रहा है हट जाओ मेरी नजरों के सामने से नहीं तो मार देंगे काट देंगे। आप यह समझो लड़ाई झगड़ा यह मार ,काट यह तलाक के मुकदमे दहेज के मुकदमे यह क्यों चल रहे हैं ।इसी वजह से चल रहे हैं ।

आदमी ने अपने पांपी पेट के लिए ईमान धर्म को बेच दिया बाजार में मिलावटी चीजें उतार दिया

आप यह कहोगे कि हम शाकाहारी हैं हमारा पूरा खानदान शाकाहारी है आप समझो कि आदमी ने अपने पेट के लिए अपने ईमान को बेच दिया धर्म को बेच दिया ताक पर रख दिया मिलावटी चीजों को बाजार में उतार दिया। अब उन मिलावटी चीजों को आप देख नहीं पाते हो ।समझ नहीं पाते हो उसमें अगर कोई ऐसी चीज आ गई ।उसको आप खाओगे तो उसका भी असर आ जाएगा ।इसलिए कहा गया सोच कर के समझ कर पेट के अंदर डालना चाहिए।

शाकाहारी जानवर मांस सूंघकर छोड़ देते हैं आदमी बुद्धि से पूर्ण सब खाता, चला जाता सजा का भागीदार होगा सजा तो मिलेगी

आदमी को आप देखो जो शाकाहारी जानवर जो होते हैं। वह भी मांस नहीं खाते सूंघकर करके छोड़ देते हैं। घोड़ा के सामने, गधा के सामने ,गाय के सामने ,बैल के सामने, आप मांस डाल दो तो सूंघ करके छोड़ देगा। एक आदमी ही बुद्धि विवेक से पूर्ण वही नहीं सूंघता है ।सब खाता दबाता चला जाता है । तो सजा का भागीदार होगा कि नहीं होगा सजा मिलेगी ।

जय गुरु देव परम सन्त बाबा उमाकान्त जी महाराज जी आश्रम उज्जैन मध्य प्रदेश भारत