पत्रकारों मे एकता की जरूरत है प्रहलाद गौतम

उत्तर प्रदेश मे 75 जिले हैं और एक जिले मे पत्रकारों के लगभग 3 से 4 संघठन हैं इस तरह से उत्तरप्रदेश में पत्रकारों के लगभग सैकड़ों संघठन पंजीकृत है फिर भी

पत्रकारों को धमकी कैसे मिल जाता है
पत्रकारों के ऊपर हमला कैसे हो जाता है
पत्रकारों के ऊपर फर्जी मुकदमा कैसे कायम कर दिए जाते हैं

इसका एक ही कारण है कि पत्रकारों मे आपस में एकता नहीं है
और दूसरा बड़ा कारण अधिकारियों के सामने एक दूसरे की बुराई करना है इस बुरी आदत को छोड़ना होगा

अब यदि किसी भी पत्रकार के साथ कोई भी दुर्घटना होती है या द्वेष भावना से फर्जी मुकदमा दर्ज कराया जाता है तो उत्तर प्रदेश के सभी पत्रकारों को संगठन भावना से ऊपर उठकर एक होना होगा